जालंधर: सोशल मीडिया पर परागपुर चौकी इंचार्ज और पुलिस की कार्यप्रणाली को लेकर वायरल हो रहे एक वीडियो पर जालंधर कमिश्नरेट पुलिस ने स्थिति स्पष्ट की है। पुलिस ने वायरल वीडियो में लगाए जा रहे नशीले पदार्थों से जुड़े आरोपों को पूरी तरह से नकारते हुए मामले का सच सामने रखा है।

मामला दो गुटों की आपसी लड़ाई का: ADCP माधवी शर्मा मामले की जानकारी देते हुए ADCP सिटी-2 माधवी शर्मा (PPS) ने बताया कि वायरल वीडियो का नशे से कोई संबंध नहीं है। दरअसल, 21 सितंबर 2026 की शाम को गांव नंगल करार खां में दो पक्षों के बीच झगड़ा हुआ था। इस मारपीट के बाद दोनों पक्षों के लोग घायल होकर अस्पताल में भर्ती हुए थे। पुलिस को दोनों पक्षों की MLR (मेडिको-लीगल रिपोर्ट) प्राप्त हो चुकी है, जिसके आधार पर कानून के मुताबिक निष्पक्ष कार्रवाई की जा रही है।
नशे के आरोपों में कोई तथ्य नहीं, फिर भी जांच जारी ADCP सिटी-2 ने स्पष्ट किया कि वीडियो में पुलिस पर कार्रवाई न करने और नशे से संबंधित जो दावे किए जा रहे हैं, उनसे जुड़ा कोई भी तथ्य या शिकायत पुलिस के समक्ष प्रस्तुत नहीं की गई है। हालांकि, पुलिस मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए नशे वाले एंगल की भी गंभीरता से जांच करेगी। यदि जांच के दौरान कोई भी सबूत मिलता है, तो नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।
कमिश्नरेट पुलिस की अपील: “बिना तथ्यों की पुष्टि किए सोशल मीडिया पर वायरल होने वाले किसी भी वीडियो या भ्रामक जानकारी पर विश्वास न करें और न ही इसे शेयर करें।”








